प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना 2.0
में भी बना देश में नंबर-1
प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना 2.0 के तहत इंदौर ने ऐसा रिकॉर्ड बनाया है,
जिसने पूरे देश को चौंका दिया है। इंदौर ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है। नगर निगम इंदौर द्वारा प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना 2.0 के प्रभावी क्रियान्वयन के चलते शहर ने देशभर में पहला स्थान हासिल किया है।
योजना अंतर्गत इंदौर को 33 हजार 28 प्रकरणों का लक्ष्य प्राप्त हुआ था, जिसके विरुद्ध नगर निगम द्वारा 51 हजार 982 प्रकरण बैंकों को प्रेषित किए गए। इनमें से 34 हजार 726 प्रकरण स्वीकृत हुए तथा 33 हजार 294 हितग्राहियों को ऋण वितरित कर लाभान्वित किया गया। यानी इंदौर ने सिर्फ लक्ष्य पूरा नहीं किया, बल्कि उसे पार करते हुए एक नया रिकॉर्ड बना दिया। देश में टॉप-3 शहर में इंदौर 33 हजार 294 प्रकरण, बेंगलुरु 25 हजार 753 प्रकरण और ग्रेटर मुंबई 24 हजार 743 प्रकरण। बता दे कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की शुरुआत जून 2020 में हुई थी। जिसका उद्देश्य, रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं को बिना गारंटी ऋण देना और छोटे व्यापारियों को आत्मनिर्भर बनाना है। शहरी गरीबी उपशमन प्रकोष्ठ प्रभारी मनीष शर्मा मामा एवं अपर आयुक्त नरेंद्र नाथ पांडे ने बताया कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना का प्रारंभ जून 2020 में हुआ था, जिसका उद्देश्य शहरी रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं को बिना गारंटी के कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराना है। योजना के अंतर्गत प्रारंभिक रूप से 10 हजार, 20 हजार एवं 50 हजार रूपये तक के ऋण प्रदान किए जाते थे।
अब योजना को पुनर्गठित कर इसकी अवधि
मार्च 2030 तक बढ़ा दी गई है।
इंदौर से ENCOUNTER NEWS M.P
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